अदभुत है प्रभू लीला
खरबों लोगों में
एक भी नहीं दुसरे जैसा
इतने भाव इतने स्वाभाव
जितने लोग उतनी आदतें
जितने लोग उतने अनुभव
जितने लोग उतने किस्से
प्रभु करते तुम कैसे ऐसे
छन में बनाते हैं सालों के कहानी
खरबों लोगों में
एक भी नहीं दुसरे जैसा
इतने भाव इतने स्वाभाव
जितने लोग उतनी आदतें
जितने लोग उतने अनुभव
जितने लोग उतने किस्से
प्रभु करते तुम कैसे ऐसे
छन में बनाते हैं सालों के कहानी

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